RAILWAY WAITING ROOM
काला कद्दू, गोरा कद्दू और उनके पापा ट्रेन से घूमने जाने की तैयारी करते हैं और तीनों काफी उत्साहित होते हैं। वे समय पर रेलवे स्टेशन पहुंच जाते हैं, लेकिन वहां पहुंचने के बाद उन्हें पता चलता है कि उनकी ट्रेन काफी देर से आने वाली है। ट्रेन के इंतजार में तीनों स्टेशन के वेटिंग रूम में बैठने का फैसला करते हैं, ताकि कुछ समय आराम कर सकें।

लेकिन वहां उनकी मुलाकात वेटिंग रूम संभालने वाले एक बूढ़े आदमी से होती है। किसी बात को लेकर काला कद्दू, गोरा कद्दू और उनके पापा की उस बूढ़े आदमी से बहस हो जाती है। बात इतनी बढ़ जाती है कि बूढ़ा आदमी गुस्से में उनको वेटिंग रूम से बाहर जाने के लिए कह देता है। अब उनके सामने ट्रेन आने तक इंतजार करने की एक और बड़ी परेशानी खड़ी हो जाती है। लेकिन कहानी में आगे कुछ ऐसा होता है, जिससे पूरा मामला अचानक बदल जाता है। वही बूढ़ा आदमी थोड़ी देर बाद खुद काला कद्दू और गोरा कद्दू को अंदर बैठने के लिए कहता है। आखिर ऐसा क्या हुआ कि जो बूढ़ा आदमी उन्हें बाहर निकाल रहा था, वही बाद में उन्हें अंदर बुलाने लगा? क्या उसे अपनी गलती का एहसास हुआ या इसके पीछे कोई और वजह थी? पूरी कहानी जानने के लिए वीडियो को अंत तक जरूर देखें।